तेरी हंसी चेहरा धडकता है दिल मेरा !
हँस के बातें करना बहकता है दिल मेरा!
तेरे चेहरे की रौनक मजबूर करता है मुझे !
कहूँ दिल की बात ,कहता है दिल मेरा!
तुझको पाया है बड़ी मुश्किल से ,
खो ना दूँ , डरता हूँ मै और दिल मेरा!
अर्ज है तुमसे कभी जुदा ना होना मुझसे !
तन्हाई की बस तुम ही एक रोनक हो ,दूर ना होना मुझसे!
::राम प्रकाश कुशवाहा "औलिया"
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